लखनऊ: बीएचयू इंजीनियरर्स एल्यूमिनी, लखनऊ का होली-ईद मिलन समारोह रविवार को गोमती नगर हाइडिल आफिसर्स क्लब के प्रांगण में बडी़ धूम-धाम से मनाया गया। इस समारोह में लगभग 60 पुरा छात्रों ने अपने परिवार के साथ हिस्सा लिया। इस अवसर पर अबिर-गुलाल लगाकर एक दूसरे से गले मिलने के उपरान्त संस्था के सदस्यों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया
कार्यक्रम का संचालन: इं० परेश प्रसाद, महासचिव एवं इं० अनिल कुमार गुप्ता, सांस्कृतिक सचिव द्वारा किया गया। इं०परेश प्रसाद, महासचिव द्वारा सभी सदस्यों का गर्मजोशी से स्वागत किया गया।
सर्वप्रथम इं० उदयभान पाण्डेय अध्यक्ष, इं० परेश प्रसाद महासचिव, संरक्षक इं० वीरेन्द्र कुमार सचदेवा, इं० विजय प्रताप, इं० अरुण आदि तथा अन्य वरिष्ठ सदस्यों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन एवं महामना मालवीय जी के चित्र पर पुष्पाञ्जलि अर्पित की गई।
इसके तुरन्त बाद डाॅ. शान्ति स्वरुप भटनागर द्वारा रचित काशी हिन्दू विश्वविद्यालय का कुलगीत, “मधुर मनोहर अतीव सुन्दर यह सर्व विद्या की राजधानी”…का, सभी सदस्यों द्वारा खड़े होकर गायन किया गया। इस दौरान महामना मालवीय जी एवं अपने विश्वविद्यालय को याद कर सभी सदस्य रोमाञ्चित हो उठे और वातावरण एक ऊर्जा से भर गया।
इसके पश्चात् विधिवत सांस्कृतिक कार्यक्रम का प्रारम्भ हुआ जिसमें वादक कलाकारों, हार्मोनियम पर-श्री चन्द्रेश पाण्डेय, तबला पर – श्री योगेश पाण्डेय एवं आक्टाॅपैड पर-श्री कुलदीप सैनी ने अत्यन्त सुन्दर संगत किया।
सर्वप्रथम सुप्रसिद्ध भजन गायक श्री चन्द्रेश पाण्डेय जी ने अपने
मधुर स्वर में माँ दुर्गे का भजन- “देवी मैया मोरे अँगना दरश दिखा…” प्रस्तुत कर वातावरण को भक्ति रस से भर दिया। बाद में उन्होंने एक पारम्परिक होली, “सखी फागुन मास नियराये” एवं एक ब्रज की होली, “रंग डारूँगी नन्द के लालन पर”..सुनाकर सभी श्रोताओं को होली के रंग से सराबोर कर दिया।
तत्पश्चात् श्रीमती कंचन सिंह ने- फिल्म गीत: “पिया तोसे नैना लागे रे….” गाकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। इं० अनिल कुमार गुप्ता ने :फिल्म गीत – “फ़ज़ा भी है जवां-जवां….” गाकर सभी को आनन्दित किया। श्रीमती रेखा मल्होत्रा जी ने अपनी मधुर आवाज़ में अवधी होली, “रघुवर सँग खेलत जनकदुलारी अवधपुरी में होली,
कहु के भींजत पीत पगड़िया कहु के भींजे चोली…”सुनाकर श्रोताओं को मन्त्रमुग्ध कर दिया।
इसके बाद इं० उदयभान पाण्डेय ‘भान’ ने ख़ुद की लिखी एवं स्वरबद्ध नज़्म, “आई है ईद आज समां ख़ुशगवार है, हर दिल में
मोहब्बत ये रवां बेशुमार है….” अपने मखमली स्वर में पेशकर सभी को भावविभोर कर दिया। वरिष्ठ सदस्य इं० पद्मदेव ओझा जी ने कालेज के दिनों में हुए मुशायरे का ज़िक्र करते हुए मशहूर शायरों के कुछ कलाम सुन्दर अन्दाज़ में सुनाकर पुरानी यादों को ताज़ा किया।
इसी तारतम्य में इं० कायम रज़ा रिज़्वी साहब ने- फिल्म लव इन टोकियो का गीत: “ ओ मेरे शाह-ए-खुबां, ओ मेरी जान-ए-जनाना।
तुम मेरे पास होती हो, कोई दूसरा नहीं होता।।….”अपनी मीठी आवाज़ में पेश कर सबकी वाहवाही लूटी और सभी को प्रेमरस में डुबो दिया।
अन्त में इं० उदयभान पाण्डेय ‘भान’, श्री चन्द्रेश पाण्डेय एवं साथियों द्वारा होली का गुलदस्ता प्रस्तुत किया गया जिसमें ‘भान ‘
की स्वरचित भोजपुरी होली, “चला होली खेलि आई राम जी के सँगवां..” के क्रम में “आज अवध में धूम मची है, झूम उठी अमराई…,
“रंग बरसे भींजे चुनर वाली.., “होली खेलैं रघुवीरा अवध में…आदि
सदाबहार होली के गीतों को प्रस्तुत किया गया जिसपर सदस्यों ने
नाचते-गाते हुए सभी पर फूलों की वर्षा की।
इस प्रकार सभी ने होली-ईद मिलन समारोह का भरपूर आनन्द लिया और इं० उदयभान पाण्डेय ‘भान’, अध्यक्ष द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के पश्चात् सुस्वादु भोजन के साथ ही यह समारोह सम्पन्न हुआ।
